असम के जोरहाट एयरफोर्स स्टेशन पर भारतीय वायुसेना (IAF) का एक AN-32 परिवहन विमान लैंडिंग के दौरान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस भीषण हादसे में वायुसेना के पांच कर्मियों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि को-पायलट की जान बच गई है और उनका इलाज जारी है। घटना के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई और तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, विमान की “रफ लैंडिंग” के बाद यह हादसा हुआ, जिसके चलते विमान रनवे पर दुर्घटनाग्रस्त हो गया और उसमें आग लग गई। आग को बाद में मौके पर मौजूद टीमों ने बुझाया। हालांकि, हादसे के सही कारणों का अभी तक पता नहीं चल सका है। भारतीय वायुसेना ने इस घटना की गंभीरता को देखते हुए कोर्ट ऑफ इन्क्वायरी (Court of Inquiry) गठित करने का आदेश दिया है, ताकि दुर्घटना के कारणों की विस्तृत जांच की जा सके। वायुसेना के प्रवक्ता ने बताया कि यह घटना उस समय हुई जब विमान जोरहाट एयरबेस पर लैंडिंग कर रहा था। वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंच गए हैं और स्थिति का जायजा ले रहे हैं। हालांकि शुरुआत में कुछ रिपोर्ट्स में सभी कर्मियों के हताहत होने की आशंका जताई गई थी, लेकिन बाद में यह स्पष्ट हुआ कि को-पायलट जीवित हैं। फिलहाल आधिकारिक तौर पर अन्य किसी अतिरिक्त हताहत की पुष्टि नहीं की गई है। इस दुखद घटना पर देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने शहीद हुए जवानों को श्रद्धांजलि दी और उनके परिवारों के प्रति संवेदना जताई। फिलहाल वायुसेना की जांच जारी है और जल्द ही हादसे के वास्तविक कारणों का खुलासा होने की उम्मीद है।