डीएमके अध्यक्ष और तमिलनाडु के पूर्व मुख्यमंत्री एम.के. स्टालिन ने शनिवार को मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय के नेतृत्व वाली सरकार पर तीखा निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ टीवीके पार्टी विपक्ष को कमजोर करने के लिए एआईएडीएमके के विधायकों को अपने साथ जोड़ने का प्रयास कर रही है। स्टालिन ने कहा कि यह राजनीतिक ताकत का नहीं, बल्कि सत्ता को बचाए रखने का प्रयास है। अन्ना अरिवलयम में आयोजित डीएमके महिला विंग की बैठक में संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि विधानसभा चुनाव में टीवीके का समर्थन करने वाले कई मतदाता अब अपने फैसले पर निराशा जता रहे हैं। उनके मुताबिक राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति लगातार बिगड़ रही है और अपराध की घटनाएं चिंता का विषय बनती जा रही हैं। महिलाओं की सुरक्षा को लेकर भी स्टालिन ने सरकार को घेरा। उन्होंने हाल में सामने आए एक यौन उत्पीड़न मामले का उल्लेख करते हुए कहा कि चुनाव के दौरान टीवीके ने महिलाओं की सुरक्षा को प्रमुख मुद्दा बनाया था, लेकिन अब उसी संगठन से जुड़े लोगों पर गंभीर आरोप लग रहे हैं। उन्होंने सरकार से महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की। स्टालिन ने टीवीके की तुलना भारतीय जनता पार्टी से करते हुए कहा कि पार्टी का कामकाज बीजेपी की “जेरॉक्स कॉपी” जैसा दिखाई दे रहा है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार को अपनी लोकप्रियता और बहुमत पर भरोसा होता, तो उसे विपक्षी दलों के विधायकों को अपने पाले में लाने की जरूरत नहीं पड़ती। अपने संबोधन के अंत में स्टालिन ने महिला कार्यकर्ताओं से डीएमके की नीतियों, विचारधारा और सामाजिक न्याय के संदेश को जनता तक पहुंचाने का आह्वान किया।