झारखंड में हुए राज्यसभा चुनाव के नतीजों ने राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी है। दो सीटों के लिए हुए इस चुनाव में एनडीए समर्थित निर्दलीय उम्मीदवार परिमल नाथवानी और झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के बैद्यनाथ राम ने जीत दर्ज की है, जबकि कांग्रेस उम्मीदवार प्रणव झा को हार का सामना करना पड़ा।
सूत्रों के अनुसार, परिमल नाथवानी को कुल 28 वोट मिले, जिससे उनकी जीत सुनिश्चित हो गई। वहीं झामुमो के बैद्यनाथ राम ने भी आवश्यक समर्थन हासिल कर राज्यसभा में अपनी जगह बना ली। इस तरह दोनों सीटों का बंटवारा झामुमो और एनडीए समर्थित उम्मीदवार के बीच हो गया, जिससे महागठबंधन को बड़ा झटका लगा है।
चुनाव के दौरान 81 विधायकों ने मतदान किया था और शाम 5 बजे से मतगणना शुरू हुई। हालांकि अंतिम परिणाम की आधिकारिक घोषणा निर्वाचन आयोग की ओर से देर शाम तक नहीं की गई थी, लेकिन मतगणना से जुड़े सूत्रों ने दोनों विजेताओं की पुष्टि कर दी।
इस चुनाव में सबसे बड़ा सस्पेंस तीन वोटों को लेकर बना रहा, जिन्हें पहले होल्ड पर रखा गया था। बाद में इन्हें अमान्य घोषित किए जाने की बात सामने आई, जिसका असर पूरे चुनावी गणित पर पड़ा। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि अगर ये वोट अलग तरह से माने जाते, तो परिणाम बदल सकते थे।
महागठबंधन के भीतर क्रॉस वोटिंग की चर्चाएं भी तेज हो गई हैं। बताया जा रहा है कि राजद और भाकपा-माले के कुछ विधायकों ने अपेक्षित तरीके से वोटिंग नहीं की, जिससे कांग्रेस उम्मीदवार को नुकसान उठाना पड़ा।
भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने परिमल नाथवानी को बधाई देते हुए इसे एनडीए की बड़ी जीत बताया। इस परिणाम के बाद झारखंड की राजनीति में नई बहस शुरू हो गई है और आने वाले दिनों में इसके राजनीतिक असर और गहराने की संभावना है।
बड़ा उलटफेर: झारखंड राज्यसभा चुनाव में परिमल नाथवानी की जीत, 28 वोट मिले...
Source: Dastak Media