नई दिल्ली। भारत सरकार ने बांग्लादेश के साथ अपने रिश्तों की रणनीतिक अहमियत को रेखांकित करते हुए ढाका में भारतीय उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी को औपचारिक कार्यक्रमों के लिए केंद्रीय कैबिनेट मंत्री के बराबर प्रोटोकॉल दर्जा प्रदान किया है। गृह मंत्रालय द्वारा जारी एक आधिकारिक ज्ञापन में इस फैसले की जानकारी दी गई। हालांकि यह दर्जा केवल प्रोटोकॉल संबंधी मामलों तक सीमित रहेगा और इससे सरकारी वरीयता क्रम (टेबल ऑफ प्रीसिडेंस) में कोई बदलाव नहीं होगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह कदम भारत-बांग्लादेश संबंधों को लेकर नई दिल्ली की गंभीरता और ढाका मिशन की बढ़ती राजनीतिक एवं रणनीतिक भूमिका को दर्शाता है। यह निर्णय ऐसे समय में लिया गया है जब दोनों देश हाल के तनावपूर्ण दौर के बाद अपने संबंधों को फिर से मजबूत बनाने की दिशा में काम कर रहे हैं।
पिछले कुछ महीनों में भारत और बांग्लादेश के बीच व्यापार, ऊर्जा, कनेक्टिविटी और लोगों के बीच संपर्क बढ़ाने के प्रयास तेज हुए हैं। वहीं दूसरी ओर, बांग्लादेश द्वारा चीन और पाकिस्तान के साथ बढ़ते सहयोग पर भी भारत करीबी नजर बनाए हुए है। क्षेत्रीय भू-राजनीतिक परिस्थितियों में हो रहे बदलावों के बीच यह फैसला काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
पूर्व केंद्रीय मंत्री रह चुके दिनेश त्रिवेदी को यह विशेष प्रोटोकॉल दर्जा देकर भारत ने स्पष्ट संकेत दिया है कि बांग्लादेश उसकी ‘पड़ोसी प्रथम’ नीति का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बना हुआ है। इसे दोनों देशों के बीच विश्वास बहाली और उच्च स्तर पर संवाद को मजबूत करने की दिशा में उठाए गए एक महत्वपूर्ण कूटनीतिक कदम के रूप में देखा जा रहा है। यह फैसला 2024 के बाद बदले राजनीतिक परिदृश्य में संबंधों को नई मजबूती देने की भारत की कोशिशों को भी दर्शाता है।
भारत ने बढ़ाया बांग्लादेश पर फोकस, दिनेश त्रिवेदी को मिला कैबिनेट रैंक
Source: Dastak Media